Skip to main content

अंधविश्वास और तर्कशीलता पर हुआ गवेषणा संवाद, विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट महिलाओं का सम्मान

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट: 24-25 फरवरी मध्यप्रदेश में "अनंत संभावनाओं" का निवेश महाकुंभ!!

मध्यप्रदेश में निवेश और विकास की नई ऊँचाइयों को छूने के उद्देश्य से आज ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 की भव्य शुरुआत हुई। इस समिट की थीम "अनंत संभावनाएं" सिर्फ एक विचार नहीं, बल्कि प्रदेश में मौजूद निवेश और उद्योग की असीम संभावनाओं को प्रदर्शित करने वाला एक व्यापक दृष्टिकोण है।

Primary Source-Stackumbrella

भोपाल में पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का शुभारंभ, अनंत संभावनाओं की ओर बढ़ता मध्यप्रदेश

मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मानव संग्रहालय आज एक ऐतिहासिक अवसर का गवाह बनने जा रही है, जहां माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के कर-कमलों द्वारा "ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट" का भव्य शुभारंभ होगा। इस दो दिवसीय समिट का उद्देश्य प्रदेश को निवेश और उद्योग के नए केंद्र के रूप में स्थापित करना है, जिससे आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।

प्रधानमंत्री मोदी जी ने अपने संबोधन में कहा, "भारत के विकसित भविष्य में तीन सेक्टर्स की बहुत बड़ी भूमिका रहने वाली है। ये तीनों सेक्टर्स, करोड़ों नई नौकरियां पैदा करने वाले हैं। ये सेक्टर्स हैं - टेक्सटाइल, टूरिज्म और टेक्नोलॉजी।" यह विचार स्पष्ट रूप से दर्शाता है कि सरकार इन प्रमुख क्षेत्रों में निवेश को प्राथमिकता देकर देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए प्रतिबद्ध है।

"अनंत संभावनाएं" थीम के साथ आयोजित इस समिट में देश-विदेश के शीर्ष निवेशकों, उद्योगपतियों और नीति निर्माताओं की भागीदारी देखने को मिलेगी। प्रदेश सरकार की उद्योग-हितैषी नीतियों और विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर को ध्यान में रखते हुए, यह समिट मध्यप्रदेश को नए निवेश और रोजगार सृजन के केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

मध्यप्रदेश: निवेशकों की पसंदीदा मंज़िल

बीते कुछ वर्षों में मध्यप्रदेश ने औद्योगिक और आर्थिक प्रगति में नए आयाम स्थापित किए हैं। सुदृढ़ बुनियादी ढांचा, कुशल मानव संसाधन, अनुकूल नीतियाँ और स्थिर शासन ने प्रदेश को निवेशकों के लिए एक आकर्षक गंतव्य बना दिया है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का उद्देश्य इन क्षमताओं को वैश्विक स्तर पर प्रस्तुत करना और निवेशकों को प्रदेश में निवेश के लिए प्रोत्साहित करना है।

मुख्य आकर्षण

इस बार की समिट में विभिन्न उद्योग क्षेत्रों के शीर्ष निवेशकों, नीति निर्माताओं और व्यापारिक समूहों की उपस्थिति दर्ज की गई है। देश-विदेश से आए निवेशकों ने मैन्युफैक्चरिंग, आईटी, कृषि, टेक्सटाइल, टूरिज्म, एनर्जी, और ऑटोमोबाइल जैसे क्षेत्रों में अपनी रुचि दिखाई है।

इसके अलावा, प्रदेश सरकार की विभिन्न उद्योग-हितैषी नीतियाँ, नई योजनाएँ और विशेष आर्थिक ज़ोन (SEZ) को लेकर किए गए प्रयास भी इस समिट के प्रमुख विषयों में शामिल हैं।

"अनंत संभावनाएं"—एक नया दृष्टिकोण

"अनंत संभावनाएं" सिर्फ एक थीम नहीं, बल्कि मध्यप्रदेश की विकास यात्रा की पहचान बन गई है। प्रदेश सरकार की ओर से उठाए गए साहसिक कदमों ने निवेशकों के लिए एक स्थिर और सुरक्षित वातावरण तैयार किया है। इस थीम के तहत सरकार ने इंफ्रास्ट्रक्चर, शिक्षा, स्वास्थ्य, और हरित ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में निवेश को प्राथमिकता दी है।

नए अवसरों की राह

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 से उम्मीद की जा रही है कि यह प्रदेश में अरबों रुपये के निवेश को आकर्षित करेगी, जिससे रोज़गार के नए अवसर पैदा होंगे, आर्थिक गतिविधियाँ बढ़ेंगी और मध्यप्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।

मध्यप्रदेश अपनी अनंत संभावनाओं के साथ एक नए युग की ओर अग्रसर है। इस समिट का उद्देश्य केवल निवेश आकर्षित करना ही नहीं, बल्कि प्रदेश को "आत्मनिर्भर भारत" के निर्माण में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए तैयार करना भी है।

The News Grit, 24/02/2025 

Comments

Popular posts from this blog

गवेषणा समिति ने जरूरतमंद बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें भेंट की

सागर बड़तूमा , 04 दिसंबर 2025: गवेषणा मानवोत्थान पर्यावरण तथा स्वास्थ्य जागरूकता समिति के सेवा प्रकल्प के अंतर्गत आज शासकीय अनुसूचित जाति महाविद्यालय कन्या छात्रावास और शासकीय अनुसूचित जाति सीनियर एवं जूनियर कन्या छात्रावास , बड़तूमा में जरूरतमंद बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकें भेंट की गईं। इस अवसर पर बच्चों ने गवेषणा समिति और उनके सहयोगियों के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की। छात्रावास अधीक्षक , मैडम स्वाति ने डॉ. चंदन सिंह और संस्था के योगदान की सराहना की। उन्होंने बच्चों को जिज्ञासा लाइब्रेरी का दौरा करने के लिए आमंत्रित किया , जिससे उन्हें अध्ययन और ज्ञानवर्धन का अवसर मिलेगा। इस कार्यक्रम में गवेषणा समिति से डॉ. तरुण साहू और सोनू चौरसिया उपस्थित रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराना और उनकी पढ़ाई में मदद करना था। गवेषणा समिति ऐसी पहल लगातार कर रही है , जिसमें केवल शिक्षा ही नहीं बल्कि पर्यावरण संरक्षण , मानव गरिमा के संवर्धन और अंगदान जैसी अन्य महत्वपूर्ण सामाजिक गतिविधियाँ भी शामिल हैं। इस तरह की पहलों से बच्चों...

अंधविश्वास और तर्कशीलता पर हुआ गवेषणा संवाद, विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट महिलाओं का सम्मान

सागर। गवेषणा मानवोत्थान , पर्यावरण तथा स्वास्थ्य जागरूकता समिति द्वारा “अंधविश्वास बनाम तर्कशीलता : भारतीय और अंतरराष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य” विषय पर एक संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। राजघाट रोड तिली स्थित एक होटल के सभागार में हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बुद्धिजीवी , सामाजिक कार्यकर्ता और शहर के नागरिक शामिल हुए। कार्यक्रम के दूसरे सत्र में विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के प्रथम सत्र में तर्कशील समिति से जुड़े डॉ. बलविंदर बरनाला मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में समाज में प्रचलित अनेक अंधविश्वासों की चर्चा करते हुए तर्क , वैज्ञानिक दृष्टिकोण और अनुभवजन्य प्रमाणों के माध्यम से उन्हें चुनौती दी। उन्होंने कहा कि समाज में जागरूकता और वैज्ञानिक सोच का विकास ही अंधविश्वासों को समाप्त करने का सबसे प्रभावी तरीका है। संवाद के दौरान उन्होंने उपस्थित श्रोताओं से प्रश्न आमंत्रित किए और उनके समाधान भी प्रस्तुत किए। कार्यक्रम में विषय प्रवर्तन डॉ. राजेश गौतम और डॉ. सुनील साहू ने किया। संवाद के दूसरे सत्र ...

आधार अपडेट शुल्क में वृद्धि: घर पर सेवा के लिए ₹700 तक शुल्क लागू!!

भारत सरकार के Unique Identification Authority of India (UIDAI) ने 19 सितंबर 2025 को एक नया Office Memorandum जारी किया है , जिसमें आधार सेवाओं के लिए शुल्क संरचना में बदलाव की घोषणा की गई है। यह बदलाव 1 अक्टूबर 2025 से प्रभावी होंगे और 30 सितंबर 2028 तक लागू रहेंगे। घर पर आधार सेवा शुल्क UIDAI ने घर पर आधार सेवा के लिए ₹700 (GST सहित) शुल्क निर्धारित किया है। यदि एक ही पते पर एक से अधिक निवासी इस सेवा का लाभ उठाते हैं , तो पहले निवासी से ₹700 लिया जाएगा , जबकि प्रत्येक अतिरिक्त निवासी से ₹350 लिया जाएगा। यह शुल्क सामान्य डेमोग्राफिक या बायोमेट्रिक अपडेट शुल्क के अतिरिक्त होगा। अन्य प्रमुख अपडेट शुल्क UIDAI द्वारा जारी नई फीस संरचना के तहत आधार अपडेट की विभिन्न सेवाओं के लिए शुल्क इस प्रकार निर्धारित किए गए हैं। 0 से 5 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए आधार जनरेशन मुफ्त रहेगा , वहीं 5 वर्ष से अधिक आयु के लोगों के लिए भी आधार जनरेशन पर कोई शुल्क नहीं लगेगा। अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट , जो 5 से 7 वर्ष और 15 से 17 वर्ष की आयु के लिए जरूरी है , उसके लिए भी कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा...